चेन्नई। विदेश मंत्री एस। जयशंकर ने पाकिस्तान को आतंकवाद बढ़ावा देने वाला खराब पड़ोसी बताया है और कहा है कि भारत को अपनी सुरक्षा के लिए पूरा अधिकार है। आईआईटी मद्रास में आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए जयशंकर ने कहा कि भारत अपनी सुरक्षा और राष्ट्रीय हितों की रक्षा करेगा और आतंकवाद से निपटने के तरीके पर किसी बाहरी दबाव या सलाह को स्वीकार नहीं करेगा। विदेश मंत्री ने कहा कि जब कोई पड़ोसी देश लगातार आतंकवाद को बढ़ावा देता है तो भारत को अपने लोगों की रक्षा करने का पूरा हक है। हम जो जरूरी होगा, वही करेंगे। आप हमसे ये उम्मीद नहीं कर सकते कि हम आपके साथ पानी साझा करें और आप हमारे देश में आतंकवाद फैलाते रहें। विदेश मंत्री ने साफ कहा कि आतंकवाद पर भारत की प्रतिक्रिया क्या होगी, ये फैसला सिर्फ भारत करेगा। उन्होने आगे कहा कि हम अपने अधिकार का इस्तेमाल कैसे करेंगे, ये हमारा फैसला है। कोई हमें ये नहीं बता सकता कि हमें क्या करना चाहिए या क्या नहीं। अपनी सुरक्षा के लिए जो जरूरी होगा, हम करेंगे। पाकिस्तान का नाम लिए बिना एस। जयशंकर ने कहा कि कई देशों को मुश्किल पड़ोसियों का सामना करना पड़ता है, लेकिन भारत की स्थिति इसलिए ज्यादा गंभीर है क्योंकि आतंकवाद को वहां राज्य की नीति की तरह इस्तेमाल किया गया है। अगर कोई देश जानबूझकर और लगातार आतंकवाद को बढ़ावा देता है तो हमारे पास अपने लोगों की रक्षा करने का पूरा अधिकार है और हम उस अधिकार का इस्तेमाल करेंगे। उन्होंने सीमा पार आतंकवाद को पानी के बंटवारे जैसे समझौतों से भी जोड़ा। जयशंकर ने कहा कि भारत ने दशकों पहले पानी साझा करने का समझौता किया था लेकिन ऐसे समझौते अच्छे पड़ोसी संबंधों पर टिके होते हैं। उन्होंने कहा कि अगर दशकों तक आतंकवाद चलता रहा, तो अच्छे पड़ोसी वाले रिश्ते नहीं रह सकते। और अगर अच्छे रिश्ते नहीं होंगे, तो उनके फायदे भी नहीं मिल सकते। आप ये नहीं कह सकते कि ‘हमसे पानी भी साझा करो और हम आतंकवाद भी करते रहेंगे।’ ये दोनों बातें साथ नहीं चल सकतीं। गौरतलब है कि भारत-पाकिस्तान के रिश्ते अप्रैल 2025 में उस वक्त और बिगड़ गए, जब पाकिस्तान समर्थित आतंकियों ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में कई पर्यटकों की हत्या कर दी थी।